BRAHMAKUMARIS DAILY MAHAVAKYA 15 OCTOBER 2017

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*Om Shanti*

*15.10.2017*

★【 *आज का पुरुषार्थ* 】★

बच्चे, अब अपनी एकाग्रता की शक्ति को बढ़ाओ क्योंकि समय अनुसार एकाग्रता की शक्ति की अत्यधिक आवश्यकता है। एकाग्रता की शक्ति वाला ही अचानक के paper में pass हो पायेगा।

यदि अभी-अभी पुरूषार्थ खत्म हो जाएं तो आपकी result क्या होगी…? 
देखो बच्चे, पुरूषार्थ इसी तरह अचानक ही खत्म होगा और जिस बच्चे ने स्व-स्थिति के आसन पर अर्थात् ऊँच स्वमान में स्थित रहने का और शिव बाप को अपने संग रखने का अभ्यास किया होगा वो ही अचानक के paper में pass होगा।

बच्चे सोचते हैं कि हम अचानक के paper में तो pass हो जायेंगे परन्तु अचानक का paper बहुत भयानक होगा … जिस बात में आप कमज़ोर हो अचानक का paper उसी बात का आयेगा … और वह समय स्वयं के साथ-साथ बाप की याद भुलाने वाला होगा … वह समय ऐसा होगा जिसमें आप विस्मृत हो जाओगे अर्थात् आप स्वयं ही परिस्थिति में वा समय के बहाव में इतना ज्यादा उलझ जाओगे कि स्वयं की याद वा बाप की याद भूल जायेगी, परन्तु जो बच्चा अभी से ही अपने ऊँच स्वमान में स्थित होने की drill कर रहा है और साथ ही साथ अशरीरी बन अपने निराकार बाप के पास घर जाने का भी पुरूषार्थ कर रहा है अर्थात् जो स्वयं को आत्मा realize कर बाप के साथ सर्व सम्बन्ध जोड़ने का पुरूषार्थ कर रहा है अर्थात् बाप की श्रीमत पर चलने का 100% attention दे रहा है वो बच्चा ही अचानक के paper में बाप की मदद से PASS WITH HONOUR बन पायेगा।

इसलिए बच्चे, स्मृति स्वरूप बनो। मन-बुद्धि को एकाग्र करने का अभ्यास बढ़ाओ। बाबा बार-बार कह रहा है कि अचानक … अचानक … अचानक …।

तो इस बात की importance अर्थात् समय के महत्व को समझ … बाप की समझानी के महत्व को समझ पुरूषार्थ करो, अन्यथा बाप भी कुछ भी नहीं कर पायेगा…।
अन्तकाल आप अकेले हो जाओगे और वह घड़ी केवल पश्चाताप की होगी, इसलिए सोच-समझकर अपने एक-एक second को सफल करो। अभी का पुरूषार्थ ही अन्तिम विजय का आधार है।

अच्छा । ओम् शान्ति ।

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2 thoughts on “BRAHMAKUMARIS DAILY MAHAVAKYA 15 OCTOBER 2017”

  1. Reshma Krishnani

    Thank you so much. Issi tarah roz baba ke mahavakya bhejhte rahiye aur umang utsaah badhate rahiye?
    Om Shanti☺️

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